खैरागढ़/छुईखदान। शहीद नगरी छुईखदान के केकतीबाड़ी मैदान में 7 अक्टूबर को पंथ श्री हुजूर उदित मुनिनाम साहेब के संत समागम समारोह का आयोजन किया जा रहा है। कार्यक्रम को लेकर कबीरपंथी समाज एवं आयोजन समिति द्वारा व्यापक तैयारियां की जा रही हैं। एसकेडीवी मिशन के जिला, तहसील एवं ग्रामीण प्रतिनिधि आयोजन को सफल बनाने के लिए दिन-रात जुटे हुए हैं। दामाखेड़ा के मार्गदर्शन एवं निर्देशन में तैयारियों को अंतिम रूप दिया जा रहा है।
तैयारियों को लेकर लगातार बैठकें
संत समागम समारोह के समिति ने बताया कि आयोजन की तैयारियों को लेकर समिति की लगातार बैठकें आयोजित की जा रही हैं। कार्यक्रम से जुड़ी विभिन्न व्यवस्थाओं के लिए पदाधिकारियों एवं सदस्यों को जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं। आयोजन को सफल बनाने में नगरवासियों का भी महत्वपूर्ण सहयोग मिल रहा है।
अलग-अलग समितियां संभालेंगी व्यवस्था
श्रद्धालुओं की संभावित बड़ी संख्या को देखते हुए आयोजन समिति ने अलग-अलग व्यवस्थाओं के लिए समितियों का गठन किया है। इनमें मंच, संत आवास, भोजन, पेयजल, विद्युत, पार्किंग एवं वालंटियर व्यवस्था प्रमुख हैं। प्रत्येक व्यवस्था के लिए अलग-अलग पदाधिकारी एवं सदस्यों को जिम्मेदारी दी गई है।
35 से 40 हजार श्रद्धालुओं के पहुंचने का अनुमान
आयोजन में लगभग 35 से 40 हजार श्रद्धालुओं के पहुंचने का अनुमान है। खैरागढ़-छुईखदान-गंडई जिले के अलावा राजनांदगांव, कवर्धा, बेमेतरा और दुर्ग सहित आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के निजी वाहनों से पहुंचने की संभावना है।
इसके अलावा अन्य राज्यों से भी कबीरपंथी अनुयायियों के पहुंचने की संभावना जताई जा रही है। श्रद्धालुओं की संख्या को देखते हुए पार्किंग, पेयजल, भोजन, बिजली, आवास और यातायात व्यवस्था पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
धमधा से छुईखदान तक होगा साहेब का स्वागत
आयोजन से जुड़ी जानकारी के अनुसार पंथ श्री हुजूर उदित मुनिनाम साहेब का आगमन धमधा की ओर से जोरातराई, बाजार अतरिया होते हुए खैरागढ़ और फिर छुईखदान की ओर होगा। मार्ग में विभिन्न स्थानों पर अनुयायियों एवं समाजजनों द्वारा साहेब का स्वागत किए जाने की तैयारी है।
छुईखदान पहुंचने पर बाइक रैली के साथ साहेब का स्वागत किया जाएगा। इसके लिए भी आयोजन समिति एवं अनुयायियों द्वारा तैयारियां की जा रही हैं।
आयोजन समिति का कहना है कि बाहर से आने वाले श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की परेशानी न हो, इसके लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाओं को व्यवस्थित किया जा रहा है। समिति ने संत समागम को शांतिपूर्ण, भव्य एवं सुव्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के लिए सभी स्तरों पर तैयारियां तेज कर दी हैं।



