खैरागढ़। छत्तीसगढ़ के कबीरपंथियों और सत्संग प्रेमियों के लिए 7 अक्टूबर का दिन विशेष होने जा रहा है। शहीद नगरी छुईखदान के खेल मैदान में सद्गुरु कबीर धर्मदास वंशावली के 16वें वंश प्रतापाचार्य पंथ श्री हुजूर उदित मुनिनाम साहेब का एक दिवसीय भव्य सत्संग समागम आयोजित होगा। उनके आगमन को लेकर खैरागढ़-छुईखदान-गंडई जिले सहित आसपास के क्षेत्रों में कबीरपंथी समाज के बीच उत्साह का माहौल है।
एसकेडीवी सद्गुरु कबीर धर्मदास वंशावली धर्म नगरी दामाखेड़ा से पधार रहे पंथ श्री हुजूर उदित मुनिनाम साहेब के दिव्य दर्शन, भेंट-बंदगी, चौका-आरती, गुरु दीक्षा और अमृतमयी वाणी का लाभ लेने के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना है। आयोजकों के अनुसार, कार्यक्रम में करीब 40 से 50 हजार श्रद्धालु शामिल हो सकते हैं।
चारों तहसीलों में तैयारियां तेज
खैरागढ़, छुईखदान, गंडई और साल्हेवारा तहसील के कबीरपंथी समाज में कार्यक्रम को लेकर विशेष उत्साह देखा जा रहा है। एसकेडीवी मिशन के जिला प्रतिनिधियों, तहसील प्रतिनिधियों और ग्रामीण स्तर के सेवकों ने आयोजन की तैयारियां तेज कर दी हैं। कम समय मिलने के बावजूद मिशन के सदस्य पूरे उत्साह और समर्पण के साथ कार्यक्रम को सफल बनाने में जुटे हुए हैं।
श्रद्धालुओं तक कार्यक्रम की जानकारी पहुंचाने के लिए गांव-गांव में बैठकें आयोजित की जा रही हैं। वहीं सोशल मीडिया, व्हाट्सएप, फेसबुक और इंस्टाग्राम के साथ बैनर, पोस्टर एवं समाचार पत्रों के माध्यम से भी प्रचार-प्रसार किया जा रहा है।
विशाल पंडाल और भंडारे की तैयारी
पंथ श्री हुजूर उदित मुनिनाम साहेब के आगमन पर विशाल जनसमूह के पहुंचने की संभावना को देखते हुए खेल मैदान में विशाल पंडाल तैयार करने की व्यवस्था की जा रही है। दूर-दराज से आने वाले श्रद्धालुओं के लिए भोजन भंडारे और ठहरने की पर्याप्त व्यवस्था बनाने में एसकेडीवी मिशन के सदस्य जुटे हुए हैं।
आयोजकों का प्रयास है कि छत्तीसगढ़ के विभिन्न जिलों और आसपास के क्षेत्रों से आने वाले किसी भी श्रद्धालु को असुविधा न हो और सभी को सत्संग का लाभ मिल सके।
सत्संग और गुरु वाणी से मिलेगा आध्यात्मिक संदेश
इस एक दिवसीय समागम में पंथ श्री हुजूर उदित मुनिनाम साहेब के दर्शन और आशीर्वचन के साथ उनकी वाणी के माध्यम से श्रद्धालुओं को आध्यात्मिक संदेश प्राप्त होगा। कार्यक्रम में चौका-आरती, गुरु दीक्षा और भेंट-बंदगी सहित विभिन्न धार्मिक आयोजन भी होंगे।
एसकेडीवी मिशन के प्रतिनिधियों ने जिले के समस्त कबीरपंथी समाज, अनुयायियों और सत्संग प्रेमी भाई-बहनों से अधिक से अधिक संख्या में पहुंचकर सत्संग का लाभ लेने की अपील की है।
छुईखदान में होने वाला यह आयोजन कबीरपंथी समाज के लिए आध्यात्मिक मिलन का बड़ा अवसर बनने जा रहा है। अब श्रद्धालुओं को 7 अक्टूबर का इंतजार है, जब शहीद नगरी छुईखदान में पंथ श्री हुजूर उदित मुनिनाम साहेब के सानिध्य में सत्संग की अमृतवर्षा होगी।


