खैरागढ़. इतवारी बाजार स्थित रावणभाठा में लगभग 29 लाख रुपये की लागत से बन रही सीसी सड़क को लेकर विवाद लगातार गहराता जा रहा है। नगर पालिका द्वारा प्रारंभिक जांच में निर्माण कार्य को तकनीकी मानकों के अनुरूप बताए जाने के बाद अब शहर कांग्रेस ने मामले को कलेक्टर तक पहुंचाते हुए स्वतंत्र एजेंसी से तकनीकी जांच कराने की मांग की है। कांग्रेस ने चेतावनी दी है कि यदि निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर कार्रवाई नहीं की गई तो उग्र आंदोलन किया जाएगा।
कांग्रेस ने कलेक्टर के नाम अपर कलेक्टर को ज्ञापन सौंपते हुए आरोप लगाया कि सड़क निर्माण में टेंडर और प्राक्कलन के अनुसार तकनीकी मानकों का पालन नहीं किया जा रहा है। ज्ञापन में कहा गया है कि निर्धारित मोटाई में जीएसबी (ग्रेन्युलर सब-बेस) बिछाकर रोलर से समतलीकरण करने के बजाय केवल नाममात्र की बारीक गिट्टी डालकर औपचारिकता निभाई जा रही है। बेस निर्माण भी निर्धारित मानकों के अनुरूप नहीं किया जा रहा, जिससे सड़क की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।
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कांग्रेस ने यह भी बताया कि रावणभाठा शहर का सबसे अधिक बाढ़ प्रभावित क्षेत्र है, जहां हर वर्ष जलभराव होता है। ऐसे में यदि निम्न गुणवत्ता से सड़क बनाई गई तो भविष्य में सड़क के क्षतिग्रस्त होने और शासकीय धन की हानि की पूरी आशंका है।
शहर कांग्रेस अध्यक्ष डॉ. अरुण भारद्वाज ने कहा कि "इतवारी बाजार रावणभाठा में निर्माणाधीन सीसी सड़क पूरी तरह भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ती नजर आ रही है। इस मामले की शिकायत मैं पहले ही संयुक्त संचालक, नगरीय प्रशासन दुर्ग और निदेशक, नगरीय प्रशासन विभाग रायपुर से कर स्वतंत्र जांच की मांग कर चुका हूं। अब कलेक्टर को भी ज्ञापन सौंपकर स्वतंत्र एजेंसी से जांच कराने की मांग की गई है।"
विधायक प्रतिनिधि मनराखन देवांगन ने कहा कि "रविवार को कांग्रेस नेताओं ने निर्माण स्थल का निरीक्षण किया था, जहां कार्य गुणवत्ताहीन तरीके से होता मिला। इसके बाद सीएमओ को पत्र लिखकर स्वतंत्र एजेंसी से जांच होने तक निर्माण कार्य रोकने की मांग की गई थी, लेकिन बिना जांच कराए दोबारा निर्माण शुरू करा दिया गया। इसी के विरोध में आज कलेक्टर कार्यालय पहुंचकर ज्ञापन सौंपा गया है।"
कांग्रेस का कहना है कि पहले मुख्य नगर पालिका अधिकारी को भी लिखित शिकायत दी गई थी, जिसके बाद निर्माण कार्य कुछ समय के लिए रोका गया, लेकिन बिना तकनीकी जांच के दोबारा शुरू कर दिया गया। इसलिए अब स्वतंत्र एजेंसी से जांच कर दोषी ठेकेदार और जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की गई है।
गौरतलब है कि इससे पहले नगर पालिका प्रशासन ने निर्माण स्थल का निरीक्षण कर प्रारंभिक जांच में किसी भी प्रकार की अनियमितता से इनकार करते हुए निर्माण कार्य को निर्धारित तकनीकी मानकों के अनुरूप बताया था। वहीं भाजपा ने कांग्रेस के आरोपों को राजनीतिक बताते हुए कहा था कि विकास कार्यों को रोकने के उद्देश्य से बेवजह विवाद खड़ा किया जा रहा है।
ज्ञापन सौंपने के दौरान नेता प्रतिपक्ष दीपक देवांगन, यतेंद्र जीत सिंह, पूरन सारथी, किशन रजक, शेखर दास वैष्णव, सूर्यकांत यादव, महेश यादव, चंद्रशेखर वर्मा, यादव सारथी, राहुल लहरे, सूरज महिलकर, रानू खान सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता और वार्डवासी मौजूद रहे। कांग्रेस ने स्पष्ट किया कि यदि मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर कार्रवाई नहीं की गई तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।



