Dindayal Yadu Chhuikhadaan
दो माह में डूबने की दूसरी घटना, नथेला डैम की सुरक्षा व्यवस्था पर उठे गंभीर सवाल
छुईखदान। छुईखदान थाना क्षेत्र के छिंदारी स्थित नथेला डैम में एक बार फिर दर्दनाक हादसा सामने आया है। डैम घूमने पहुंचे 16 वर्षीय किशोर की गहरे पानी में डूबने से मौत हो गई। बताया जा रहा है कि किशोर अपने चार दोस्तों के साथ डैम पहुंचा था। हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई।
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जानकारी के अनुसार मृतक किशोर भिलाई का रहने वाला था। वह अपने दोस्तों के साथ नथेला डैम घूमने आया था। इसी दौरान वह डैम के गहरे हिस्से में चला गया और पानी में डूब गया। घटना की सूचना मिलते ही छुईखदान पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस और स्थानीय लोगों ने काफी मशक्कत के बाद किशोर के शव को पानी से बाहर निकाला।
स्कूल जाने के बजाय दोस्तों के साथ निकला था
बताया जा रहा है कि किशोर घर से स्कूल जाने के लिए निकला था, लेकिन अपने दोस्तों के साथ नथेला डैम पहुंच गया। डैम में घूमने के दौरान हुए इस हादसे ने परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया है। घटना के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
दो माह के भीतर डूबने की दूसरी घटना
नथेला डैम क्षेत्र में करीब दो माह के भीतर डूबने की यह दूसरी घटना है। इससे पहले भी छिंदारी बांध घूमने पहुंचे छुईखदान निवासी एक नाबालिग युवक की पानी में डूबने से मौत हो गई थी।
लगातार हो रहे हादसों के बाद अब डैम क्षेत्र की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल उठने लगे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि नथेला डैम अपनी प्राकृतिक सुंदरता के कारण युवाओं और पर्यटकों के आकर्षण का केंद्र बन रहा है, लेकिन यहां सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम नहीं हैं।
पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने की मांग
क्षेत्रवासियों ने नथेला डैम को व्यवस्थित पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने की मांग की है। लोगों का कहना है कि यदि डैम में पर्यटन गतिविधियां बढ़ रही हैं तो प्रशासन को सुरक्षा व्यवस्था पर भी गंभीरता से ध्यान देना चाहिए।
खतरनाक और गहरे स्थानों पर चेतावनी बोर्ड, बैरिकेडिंग, सुरक्षा रेलिंग और प्रतिबंधित क्षेत्र चिन्हित किए जाने की जरूरत है। इसके साथ ही पर्यटकों के लिए सुरक्षित आवागमन क्षेत्र भी निर्धारित किए जाने चाहिए।
सिर्फ हादसे के बाद कार्रवाई नहीं, पहले से हो निगरानी
स्थानीय लोगों का कहना है कि हादसा होने के बाद पुलिस और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंचती है, लेकिन दुर्घटनाओं को रोकने के लिए पहले से प्रभावी व्यवस्था जरूरी है।
छुट्टियों और सप्ताहांत के दौरान डैम में बड़ी संख्या में लोग पहुंचते हैं। ऐसे समय में विशेष निगरानी दल की तैनाती, नियमित पेट्रोलिंग और संवेदनशील स्थानों पर लगातार निगरानी की व्यवस्था की जानी चाहिए।
युवाओं को भी बरतनी होगी सावधानी
डैम और जलाशयों में घूमने आने वाले युवाओं द्वारा कई बार पानी की गहराई का अंदाजा लगाए बिना गहरे हिस्से में जाना, तैरने का प्रयास करना या जोखिम लेकर फोटो-सेल्फी लेना भारी पड़ सकता है।
प्रशासन को सुरक्षा संबंधी जागरूकता अभियान चलाने के साथ-साथ डैम क्षेत्र में स्पष्ट रूप से सुरक्षा नियम प्रदर्शित करने की जरूरत है।
नथेला डैम को मिले सुरक्षित पर्यटन की पहचान
नथेला डैम की प्राकृतिक सुंदरता को सुरक्षित पर्यटन के रूप में विकसित किया जा सकता है। इससे क्षेत्र में पर्यटन को बढ़ावा मिलने के साथ स्थानीय लोगों को रोजगार के अवसर भी मिल सकते हैं। लेकिन इसके लिए विकास के साथ सुरक्षा को प्राथमिकता देना जरूरी है।
लगातार हो रहे हादसों के बाद अब जरूरत है कि संबंधित विभाग नथेला डैम के लिए ठोस सुरक्षा और पर्यटन विकास योजना तैयार करे, ताकि प्राकृतिक सौंदर्य का आनंद लेने आने वाले लोगों की जान जोखिम में न पड़े और भविष्य में ऐसी दर्दनाक घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकी जा सके।




