खैरागढ़-छुईखदान-गंडई जिले के गातापार थाना क्षेत्र में पुलिस ने पशु तस्करी और पशु क्रूरता के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए दो अलग-अलग मामलों में एक विधि से संघर्षरत बालक सहित चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने कार्रवाई के दौरान 11 मवेशियों को सुरक्षित बरामद किया तथा तस्करी में उपयोग किए जा रहे दो पिकअप वाहनों को जब्त किया है।
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, 8 मई 2026 को गातापार थाना स्टाफ द्वारा थाना क्षेत्र में नाकाबंदी की जा रही थी। इसी दौरान मुखबिर से सूचना मिली कि खैरागढ़ की ओर से आ रही दो पिकअप वाहनों में मवेशियों को अवैध रूप से महाराष्ट्र ले जाया जा रहा है। सूचना के आधार पर पुलिस ने वाहनों को रोककर जांच की।
तलाशी के दौरान वाहनों में 5 भैंस, 4 पड़िया और 2 पड़वा सहित कुल 11 मवेशियों को ठूंस-ठूंसकर भरा गया था। मवेशियों के गले में रस्सियां बंधी हुई थीं तथा उन्हें बिना चारा-पानी के ले जाया जा रहा था। पुलिस ने मौके से नरेंद्र यादव, मोहम्मद इंतजार, राज अंसारी और राज राजपूत को हिरासत में लिया, जबकि एक नाबालिग को पुलिस संरक्षण में रखा गया।
पूछताछ में मुख्य आरोपी मोहम्मद इंतजार ने मवेशियों की खरीद-फरोख्त का काम करने की बात स्वीकार की। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 11 मवेशी, दो पिकअप वाहन और चार मोबाइल फोन जब्त किए हैं, जिनकी कुल कीमत लगभग 15.36 लाख रुपए बताई जा रही है।
आरोपियों के खिलाफ पशु क्रूरता निवारण अधिनियम, छत्तीसगढ़ कृषक पशु परिरक्षण अधिनियम एवं मोटर व्हीकल एक्ट के तहत मामला दर्ज कर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया। मामले की जांच जारी है।


