खैरागढ़।विश्व मलेरिया दिवस के अवसर पर जिले के सभी विकासखंडों में व्यापक जागरूकता अभियान, संगोष्ठियां एवं स्वास्थ्य संबंधी गतिविधियों का आयोजन किया गया। यह अभियान कलेक्टर श्री इंद्रजीत सिंह चंद्रवाल के निर्देशन एवं प्रभारी अधिकारी (स्वास्थ्य) सह मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत श्री प्रेम कुमार पटेल के मार्गदर्शन में संचालित हुआ।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. आशीष शर्मा तथा जिला मलेरिया अधिकारी डॉ. विवेक बिसेन के नेतृत्व में स्वास्थ्य विभाग द्वारा ग्राम स्तर तक मलेरिया रोकथाम के लिए जनजागरूकता बढ़ाई गई। इस दौरान गांवों में रैली निकालकर आमजन को मलेरिया से बचाव, समय पर जांच और शीघ्र उपचार के प्रति जागरूक किया गया।
स्वास्थ्य विभाग ने बताया कि मलेरिया एक गंभीर और जानलेवा बीमारी है, लेकिन समय पर पहचान और उपचार से इसे पूरी तरह रोका जा सकता है। इसके उन्मूलन के लिए जनभागीदारी अत्यंत जरूरी है। इस वर्ष की थीम “Driven to End Malaria: Now We Can. Now We Must” के तहत मलेरिया मुक्त समाज बनाने पर विशेष जोर दिया गया।
अभियान के तहत स्वास्थ्य टीमों ने घर-घर जाकर बुखार सर्वे किया, संभावित मरीजों की त्वरित जांच (RDT/स्लाइड) की गई तथा संक्रमित मरीजों का समयबद्ध उपचार सुनिश्चित किया गया। साथ ही जल जमाव खत्म करने और मच्छरों के प्रजनन स्थलों को नष्ट करने के लिए स्वच्छता अभियान भी चलाया गया।
जिला प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि किसी भी प्रकार के बुखार को नजरअंदाज न करें और तुरंत जांच कराएं। डॉ. आशीष शर्मा ने मच्छरदानी के नियमित उपयोग, साफ-सफाई और जल जमाव रोकने पर जोर दिया।
डॉ. विवेक बिसेन ने बताया कि जिले के सभी ग्रामों में ग्राम स्वास्थ्य, स्वच्छता एवं पोषण समितियों तथा आयुष्मान आरोग्य मंदिर स्वास्थ्य केंद्रों के माध्यम से लगातार जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। “शून्य मलेरिया – स्वस्थ भारत, स्वस्थ केसीजी” के लक्ष्य को हासिल करने के लिए आमजन की सक्रिय भागीदारी जरूरी है।
कार्यक्रम के सफल संचालन में खंड चिकित्सा अधिकारी, सेक्टर पर्यवेक्षक, मलेरिया टेक्निकल सुपरवाइजर श्री विवेक मेश्राम, सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी, ग्रामीण स्वास्थ्य संयोजक, मितानिनों एवं ग्रामवासियों का महत्वपूर्ण योगदान रहा।


