खैरागढ़। जिले में नकली शराब मामले के सामने आने के बाद आबकारी विभाग ने बड़ी कार्रवाई करते हुए संलिप्त कर्मचारियों को ब्लैकलिस्ट कर दिया है। वहीं ड्यूटी के दौरान शराब सेवन करने वाले एक कर्मचारी को तत्काल प्रभाव से निलंबित किया गया है। आबकारी विभाग द्वारा जिलेभर की मदिरा दुकानों में निगरानी और सुरक्षा व्यवस्था भी सख्त कर दी गई है।
जानकारी के अनुसार थाना खैरागढ़ और साइबर सेल की संयुक्त टीम ने मुखबिर की सूचना पर राजपूत ढाबा के पास एक किराए के मकान में छापा मारकर अवैध शराब बॉटलिंग और रीफिलिंग का भंडाफोड़ किया। कार्रवाई के दौरान आरोपी भागवत वर्मा और त्रिलोक यादव को रंगे हाथों पकड़ा गया। मौके से लगभग 34 लीटर अवैध अंग्रेजी शराब, ढक्कन, होलोग्राम और लेबलिंग सामग्री जब्त की गई।
मामले में थाना खैरागढ़ में आबकारी एक्ट एवं भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं के तहत अपराध दर्ज किया गया है। पूछताछ में दो अन्य लोगों की संलिप्तता सामने आने पर कुल चार आरोपियों को गिरफ्तार किया गया।
आबकारी विभाग ने संबंधित मदिरा दुकानों में कार्यरत कर्मचारियों एवं पूर्व जिला समन्वयक को सेवामुक्त कर ब्लैकलिस्ट करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। वहीं ओवर रेटिंग की शिकायतों को रोकने के लिए देशी और विदेशी मदिरा दुकान खैरागढ़ में दो आरक्षकों की नियुक्ति की गई है। इसके अलावा उड़नदस्ता टीम और रात्रि गश्त के लिए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है।
जिला आबकारी अधिकारी के निर्देश पर दुकानों का औचक निरीक्षण भी लगातार किया जा रहा है। कम्पोजिट मदिरा दुकान जालबांधा में 1 लाख 24 हजार 450 रुपये की कमी पाए जाने पर संबंधित कर्मचारी से तत्काल रिकवरी कराई गई है।
आबकारी विभाग ने दावा किया है कि जिले की सभी दुकानों में पर्याप्त मात्रा में मदिरा उपलब्ध कराने और अवैध गतिविधियों पर रोक लगाने के लिए लगातार कार्रवाई जारी रहेगी।
ये है आरोपी
भगवत वर्मा,त्रिलोक कुमार,टिपेश कुमार सोनी,शक्ति नारायण सिंह , इसमें से तीन शराब दूकान के कर्मचारी है जबकि एक पूर्व कर्मचारी है।


